Thursday, October 15, 2015

अब बोलिए सुपरस्टार की आवाज में


Yedub App के जरिए अब आप अपने मनपंसीदा कलाकार की आवाज में अपने डायलाँग बोल सकते हैं। येडब नामक इस ऐप को yepaisa ने बनाया है, जिसमें लम्बी डायलाँग लाइब्रेरी विभिन्न कैटेगरी वाइस उपलब्ध है। इस लाइब्रेरी में अमिताभ बच्चन, अक्षय कुमार, परेश रावल, अमरीश पुरी, प्राण इत्यादि जैसे बहुत सारे फिल्मी कलाकारो की आवाज के डायलाँग है। इनमें से आप अपने मनपसंद कलाकार की आवाज में अपने डायलाँग डब करा सकते है। इन डायलाँग पर सेल्फी वीडियो बनाने की सुविधा भी इस ऐप में उपलब्ध है, जिसे सोशल मीडिया में शेयर भी किया जा सकता है। येडब ऐप को गूगल प्लेस्टोर से फ्री में डाउनलोड किया जा सकता है।   

Friday, October 9, 2015

अब मोबाईल से ही प्लेटफार्म टिकट


यूटीएस नाम के ऐप के माध्यम से अब प्लेटफार्म टिकट बनवाई जा सकेगी। रेलवे द्वारा यह ऐप लाँन्च कर दिया गया है। इस ऐप के लाँन्च हो जाने से लोगो को घंटो लाईन में खङे होने की समस्या से निजात मिलेगी। इस ऐप के जरिये एम0एस0टी0 एवं क्यूएसटी भी बनवाई जा सकेगी। इस ऐप को विन्डों एवं ऐन्ड्रायड दोनो तरह के फोन पर फ्री में डाउनलोड किया जा सकता है। भारत सरकार इस ऐप के जरिये पेपर लेस टिकट पर जोर दे रही है। इस ऐप की भी यही खासियत है कि इसके जरिये बनी टिकट की ईमेज ही टिकट के रूप में मान्य होगी। इस ऐप को गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है। इस ऐप को डाउनलोड करने के बाद आर0 वालेट जरूर डाउनलोड करना होगा। आर वालेट में पैसे भरवाने होगें, जोकि रेलवे स्टेशन में मौजूद यूटीएस काउण्टर से भी भरवाये जा सकते हैं। आर0वालेट में कम से कम रू0 100/- एवं अधिकतम रू0 5000/- भरवाये जा सकते है। आर0वालेट में https://www.utsonmobile.indianrail.gov.in/RDS/login?1 से आँनलाईन रिचार्ज भी करवाया जा सकता है। इस ऐप के माध्यम से कराई गई टिकट में टिकट की रकम के अलावा मामूली अतिरिक्त चार्ज भी देना पङेगा। 

विश्व डाक दिवस (World Post Day)


भारतीय डाक विभाग विश्व का सबसे बङा डाकतंत्र है। डाक सेवाओं की उपयोगिता को देखते हुये यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन की ओर से प्रत्येक वर्ष 9 अक्टूबर को विश्व डाक दिवस मनाया जाता है। विश्व डाक दिवस मनाये जाने का प्रमुख उद्देश्य डाक विभाग द्वारा उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न योजनाओं से ग्राहकों को अवगत कराना , उन्हे जागरूक करना है। इसके अतिरिक्त भारतीय डाक विभाग कई तरह के विविध कार्यों की सुविधा भी प्रदान करता है।

डाक इतिहास

भारत में डाक का इतिहास बहुत पुराना है। देश में सन् 1766 में लार्ड क्लाइव ने पहली बार डाक व्यवस्था स्थापित की थी। फिर सन् 1774 में वाँरेन हेस्टिंग्स ने कोलकाता में प्रथम डाकघर स्थापित किया। सन् 1852 में लेटर के ऊपर लगाये जाने वाले डाक टिकट की शुरूआत हुई थी।

विश्व डाक दिवस की शुरूआत

सन् 1874 में हेनरिक वाँन स्टेपहान, जोकि उत्तर जर्मन परिसंघ के वरिष्ठ डाक अधिकारी थे, के सुझाव के आधार पर स्विटजरलैण्ड सरकार ने 15 सितम्बर 1874 को बर्न में एक अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया, जिसमें 22 राष्ट्रों ने भाग लिया। उसी वर्ष 9 अक्टूबर 1874 में जनरल पोस्टल यूनियन के गठन के संबध में स्विटजरलैण्ड में सभी 22 देश नें एक संधि पर हस्ताक्षर किये थे। इसलिए 9 अक्टूबर को विश्व डाक दिवस के रूप में मनाया जाने लगा। 22 राष्ट्रों के मध्य 9 अक्टूबर 1874 को हुई यह संधि 1 जुलाई 1874 को अस्तित्व में आई थी। 1 अप्रैल 1879 को जनरल पोस्टल यूनियन का नाम परिवर्तित कर यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन कर दिया गया। 1 जुलाई 1876 को भारत यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन की सदस्यता लेने वाला प्रथम एशियाई देश बना गया था। इसके पश्चात भारत में लगातार डाक सेवाओं का प्रचार-प्रसार बहुत रफ्तार से आगे बढने लगा।

डाक सप्ताह

भारतीय डाक 9 अक्टूबर से 14 अक्टूबर तक विश्व डाक सप्ताह के रूप में मनाता है। इस दौरान विभिन्न डाकघरों में सप्ताह के प्रत्येक दिवस को अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित होते है एवं डाक विभाग की विभिन्न लाभदायक योजनाओं के बारे में लोगों को अवगत कराया जाता है।

डाकघर की विभिन्न योजनाएँ

भारतीय डाक विभाग डाकपत्रों को गंतव्य स्थान तक पहुँचाने के अतिरिक्त. आम नागरिकों को अपनी विभिन्न योजनाओं के माध्यम से बहुत सी सुविधाएँ प्रदान करता है। डाकघर सेविंग बैंक के रूप में भी कार्य करता है। जिसमें डाकघर बचत खाता , 5 वर्षीय आवर्ती जमा खाता, सावधि जमा खाता, मासिक आय खाता, लोक भविष्य निधि खाता, राष्ट्रीय बचत पत्र एवं वरिष्ठ नागरिक बचन खाता इत्यादि कई महत्वपूर्ण योजनाएँ कार्य करती है। इसके अतिरिक्त डाक विभाग स्पीड पोस्ट, रजिस्ट्री , पार्सल इत्यादि सुविधाएँ भी प्रदान करता है। कुछ समय पूर्व सरकार की ओर से सुकन्या समृद्वि योजना भी प्रारम्भ की गई है।

आधुनिक युग में डाक विभाग

निश्चित रूप से आज के आधुनिक युग में जहाँ लगभग सभी आम नागरिकों के पास मोबाईल सेवा उपलब्ध है, ऐसे में यह प्रश्न उठता है कि डाक विभाग कितने दिन तक वजूद में रह पायेगा। इस स्थिति को ध्यान मे रखते हुये डाक विभाग भी अपने सभी डाकघरों को वर्तमान परिस्थितियों के हिसाब से ढाल रहा है और नागरिकों के लिए विभिन्न तरह की कई नई-नई फायदेमंद योजनाओं को क्रियान्वित कर रहा है। भारत देश मे लगभग 1 लाख 55 हजार डाकघर कार्यरत है। डाक विभाग ही ऐसा विभाग है जिसकी शाखा दूरस्त से दूरस्त गाँव में भी उपलब्ध है। डाक विभाग इसी का फायदा उठाते हुये आधुनिक समय की रफ्तार से आगे बढ रहा है। धीरे-धीरे लगभग सभी डाकघर कम्प्यूट्रीकृत किये जा रहे हैं। कुछ समय पूर्व डाक विभाग को पेमेन्ट बैंक का लाईसेन्स भी प्राप्त हो गया है। बैंकिग योजनाओं के अतिरिक्त डाकविभाग बिजनेस सुविधाओं की ओर भी खासा ध्यान केन्द्रित कर रहा है। ऐसे में यह कहा जा सकता है कि आधुनिक युग में भी डाकविभाग पूर्ण रूप से अपने प्रतिद्वंद्वियों को पीछे छोङते हुये प्रतिस्पर्धा की दौङ में फिलहाल आगे बढने में सफल रहा है।

भारतीय डाक विभाग की ई-पुस्तक

भारतीय डाक विभाग की वेबसाईट http://www.indiapost.gov.in से डाक विभाग की ई- पुस्तक डाउनलोड की जा सकती है। इस पुस्तक में स्वच्छ भारत अभियान, डाक-पार्सल, ई-वाणिज्य, डाक टिकट संग्रह, डाक जीवन बीमा इत्यादि के बारे में जानकारी उपलब्ध कराई गई है।


    डाकविभाग की ई पुस्तक यहाँ से डाउनलोड करें। 


Thursday, October 8, 2015

क्या भारत में मिलेगा मुफ्त इंटरनेट ?


फेसबुक के सीओओ शेरिल सैंडवर्ग नें जुलाई माह में जब भारत का दौरा किया था, तभी यह साफ हो गया था कि 1.28 करोङ के देश में फेसबुक के यूजर की संख्या को बढाने के लिए अपार संभावनायें है। इसी को ध्यान में रखते हुये फेसबुक हर संभव प्रयास कर भारत में अपना कारोबार स्थापित करना चाहता है। भारत में दुनिया के सबसे बढे कारोबार को स्थापित करने की दृष्टि से ही फेसबुक द्वारा इंटरनेट डाँट ओ0आर0जी0 नामक वेबसाईट स्थापित की गई है, जिसका मकसद भारत में गरीब तबके के लोगों को मुफ्त में इंटरनेट सुविधा से जोङना है। जिससे भारत में फेसबुक यूज करने वालों की संख्या में ईजाफा हो सके। इसके लिए फेसबुक को भारत में कंपनी आँपरेटर एवं सरकार के समर्थन की जरूरत होगी। ऐसा बताया जा रहा है कि इस वेबसाईट के जरिये हेल्थ, कैरियर, एजुकेशन, फेसबुक, मैसजिंग जैसी सुविधायें मुफ्त में मिलेगीं। भारत के 6 राज्यों में इसका इस्तेमाल किया जाना है, जिनमें तमिलनाडु, गुजरात, तेलंगाना, केरल, आँध्रप्रदेश और महाराष्ट्र शामिल है। भारत में वर्तमान में 35 करोङ यूजर है, जबकि दुनिया में 12.5 करोङ फेसबुक यूजर है।


Wednesday, October 7, 2015

7 वें केन्द्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों को 1 जनवरी 2016 से लागू किया जाएगा: वित्त सचिव


केन्द्र सरकार अपने कर्मचारियों के वेतनमान में संशोधन करने के लिए हर 10 साल में वेतन आयोग का गठन करती है और अक्सर इसमें हुये कुछ संशोधनों को बाद में राज्यों द्वारा अपनाया जाता है।


सातवें वेतन आयोग को केन्द्र सरकार के लगभग 48 लाख कर्मचारियों के वेतन और करीब 55 लाख पेंशनरों में संशोधन किये जाने हेतु न्यायमूर्ति एके माथुर की अध्यक्षता में दिसंबर 2015 तक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का समय दिया गया है।

यद्यपि अभीतक आयोग द्वारा वित्त मंत्रालय को सातवें वेतन आयोग संबधी रिपोर्ट सौंपी नही गई है, फिर भी सरकार राजकोषीय चिंताओं के प्रति जागरूक है। यह निश्चित है कि 1 जनवरी 2016 से सातवें वेतन आयोग के लागू हो जाने के उपरान्त केन्द्र सरकार के खजाने में भारी बोझ पङेगा।  

Monday, October 5, 2015

Apple ब्रांड नं0-1, गूगल दूसरे स्थान पर


इसबार भी इंटरब्रांड द्वारा जारी मूल्यवान ग्लोबल ब्रांड की सूची में आईटी कंपनियों का दबदबा कायम रहा है। पिछली दो बार की तरह इसबार भी एप्पल नें इस सूची में नंबर वन रैंक हासिल की है, जबकि गूगल इस सूची में दूसरे स्थान पर रहा है।

इस साल एप्पल का ब्रांड मूल्य पिछली बार की तुलना में 43 फीसदी अधिक रहा है जबकि गूगल के ब्रांड मूल्य में भी 12 फीसदी की बढोत्तरी हुई है। इंटरब्रांड द्वारा जारी मूल्यवान ग्लोबल ब्रांड की सूची में टाँप नौ ब्रांड पिछले साल के अपने स्थान पर कायम है। केवल अमेजन कंपनी ने पिछले बार की तुलना में 5 स्थान की छलाँग लगाते हुये 10वाँ स्थान पाया है।    

FB Graph Search


फेसबुक द्वारा शुरू किया गया नया फीचर ''FB ग्राफ सर्च'' किसी भी व्यक्ति को आपके द्वारा लाईक की गई फोटो को देखने की सुविधा प्रदान करता है, चाहे वह व्यक्ति आपकी फ्रेन्डलिस्ट में हो या ना हो। यानी फेसबुक के इस फीचर के जरिये अब कोई भी व्यक्ति आपके द्वारा लाईक की गई फोटो को देख सकेगा, वह भी तबसे जबसे आपने अपना फेसबुक एकाउण्ट बनाया होगा। फेसबुक के इस फीचर को यूज करने के लिए बस फेसबुक सर्च बाँक्स में अंग्रेजी में ‘Photo liked by’ (फोटो लाईक्ड बाई) लिखकर जिसका भी नाम डाला जायेगा, उस व्यक्ति से संबन्धित सभी तस्वीरें सामने आ जायेगीं। इस तरह यदि हमें स्वयं अपने द्वारा पोस्ट की गई फोटो को देखना है कि कितने लाईक मिले हैं तो फेसबुक सर्च बाँक्स में‘Photo liked by me’ (फोटो लाईक्ड बाई मी) लिखना होगा।

Sunday, October 4, 2015

5 दिन के लिए बंद रहेगा पैन नंबर का आवंटन


आयकर विभाग द्वारा दी जाने वाली स्थायी खाता संख्या (पैन) का आवंटन 5 अक्टूबर से 9 अक्टूबर तक (5 दिन के लिए) बंद रहेगा। आयकर विभाग के अनुसार उक्त समय में संबन्धित साफ्टवेयर में उन्नयन की प्रकिया (पैन डाटाबेस का स्थानान्तरण) की वजह से आवंटन संभव नही हो सकेगा। इस दौरान सरकार द्वारा अधिकृत वेब पोर्टल NSDL एवं UTIITSL में पैन के लिए (आँनलाईन एवं आँफलाईन) आवंटन किया जा सकेगा। 

शशांक मनोहर बने बीसीसीआई अध्यक्ष


तमाम अटकलों को विराम देते हुये आखिरकार शशांक मनोहर को दूसरी बार निर्विरोध बीसीसीआई अध्यक्ष चुन लिया गया। इससे पूर्व शशांक मनोहर सन् 2008 से 3 वर्ष तक बीसीसीआई अध्यक्ष पद का जिम्मा संभाल चुके हैं। शशांक मनोहर का वर्तमान कार्यकाल 2017 तक रहेगा।  


Saturday, October 3, 2015

सिर्फ 782 रू0 में बिका Google.com डोमेन


सभी को सुनकर आश्चर्य जरूर होगा, लेकिन यह सच है। सनमय वेद (एक एक्स गूगल कर्मचारी) नाम के व्यक्ति ने डोमेन बेचने वाली कंपनी से Google.com डोमेन सिर्फ 782 रूपये में खरीद लिया। हुआ यूँ कि वेद इंटरनेट में डोमेन सर्च कर रहे थे, इसीबीच उन्हे गूगल डाँट काम बिकने के लिए उपलब्ध दिखा। उनको लगा कि शायद यह गलत होगा, फिर भी उन्होने ट्राई किया और भुगतान कर दिया, जोकि बिना किसी त्रुटि के सफलतापूर्वक हो गया और इसी के साथ सनमय वेद गूगल डाँट काम के मालिक बन गये। सनमय वेद को इसके लिए सिर्फ 12 डाँलर (782.63 रूपये) खर्च करने पङे।

हाँलांकि सनमय वेद के पास यह आँनरशिप कुछ समय के लिए ही रही और थोङी ही देर बाद गूगल की ओर से उनके पास आँनरशिप बदलने के लिए एक मैसेज आया और गूगल डाँट काँम डोमेन उनसे छिन गया।